यकीनन पिछले कुछ दिनों से हिन्दुत्व के नवगायक मनोज काफी ‘मुंतशिर’ (बिखरा हुआ) रहे होंगे। वह ‘आदिपुरुष’ की रिलीज के बाद उठे गदर में पहले…
View More आदिपुरुष का विरोध मतलब चेतावनी- अगर आप सीमा लाँघेंगे तो प्रतिकार होगा!Tag: अपना पन्ना
महिलाओं को ‘भोग्य’, ‘उपभोग्य’ की तरह पेश कर के क्या हमारे परिवार नष्ट किए जा रहे हैं?
‘देह ही देश’! अभी तक मैंने यह पुस्तक पढ़ी नहीं है। लेकिन इसकी समीक्षाएँ पढ़कर इसे पढ़ने की उत्कंठा अवश्य है। इसीलिए पुस्तक को पढ़े…
View More महिलाओं को ‘भोग्य’, ‘उपभोग्य’ की तरह पेश कर के क्या हमारे परिवार नष्ट किए जा रहे हैं?कितना बेहतर हो, अगर हम लड़कियों को उनकी सुरक्षा करना भी सिखाएँ!
आज मैं यह लेख एक ऐसे विषय पर लिख रही हूँ, जिसके बारे में जानना, समझना और अन्य लोगों को उसके लिए प्रेरित करना हमारे…
View More कितना बेहतर हो, अगर हम लड़कियों को उनकी सुरक्षा करना भी सिखाएँ!एक ने मयूरपंख को परमात्मा का स्मृति-चिह्न बना पूजा और दूजे ने…!
पतित मानस द्वारा समानता की माँग अपनी अनार्यता छिपाने का स्वाँग ही होता है। एक समान अनुभूति होने पर भी इंसान उसका भोग अपने संस्कारों…
View More एक ने मयूरपंख को परमात्मा का स्मृति-चिह्न बना पूजा और दूजे ने…!भरोसा रखिए… वह क़िस्मत लिखता है, तो वही उसे बदल भी सकता है
ज़िन्दगी वो अज़ीम तोहफा है, जो इस दुनिया को ख़ल्क़ (सृष्टि करना) करने वाले ने हम सबको दिया है। हम ज़िन्दगी को जन्म से मौत…
View More भरोसा रखिए… वह क़िस्मत लिखता है, तो वही उसे बदल भी सकता हैसंगीत के विद्यार्थियों को मंज़िल की तलाश में नहीं रहना चाहिए, यात्रा का आनन्द लेना चाहिए!
संगीत सीखना प्रारम्भ करते हुए मन में स्वाभाविक ही प्रश्न उठता है कि यह यात्रा कब अपनी परिणति को पहुँचेगी। यह सहज मानव स्वभाव है…
View More संगीत के विद्यार्थियों को मंज़िल की तलाश में नहीं रहना चाहिए, यात्रा का आनन्द लेना चाहिए!‘रे मन चल गाँव की ओर’… यह कोई पलायन नहीं है!
भारत की आत्मा जहाँ बसती है, वह गाँव हैं। ये सुन्दर, सुरम्य स्थल हर भारतीय के मन में हमेशा से बसा रहा है। यहाँ प्रत्येक…
View More ‘रे मन चल गाँव की ओर’… यह कोई पलायन नहीं है!चार लाइनों में सुनिएगा…. पुरुष और स्त्री मन के सोचने के भिन्न तरीकों के बीच बहता जीवन!
पुरुष और स्त्री के सोचने के तरीक़े में फ़र्क होता है। सभी जानते हैं। लेकिन इस अन्तर की गहराई की थाह कुछेक लोग ही ले…
View More चार लाइनों में सुनिएगा…. पुरुष और स्त्री मन के सोचने के भिन्न तरीकों के बीच बहता जीवन!ये हिमाचल का परवाणु है, यहाँ ‘पॉज़िटिविटी’ का परमाणु है!
वैसे तो पूरा हिमाचल प्रदेश ही ख़ूबसूरती की दुशाला (शॉल जैसा वस्त्र) ओढ़े हुए है। लेकिन यहाँ एक जगह है परवाणु। वह अपनी अलग पहचान…
View More ये हिमाचल का परवाणु है, यहाँ ‘पॉज़िटिविटी’ का परमाणु है!मैंने जीवन में अब तक जो भी कहा, उससे कभी विमुख नहीं हुआ : सावरकर
‘विनायक दामोदर सावरकर’ स्वतंत्रता आन्दोलन के वह क्रान्तिकारी, जो अपने समय के क्रान्तिकारियों के लिए प्रेरणास्रोत रहे है। लेकिन सोचनीय बात है कि एक समय…
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