Viksit Bharat, Developed India

साल 2047 तक विकसित भारत का लक्ष्य क्या वाकई असम्भव है? या फिर कैसे सम्भव है?

किसी महात्वाकांक्षी लक्ष्य को पटरी उतारने या हतोत्साहित करने का सबसे बढ़िया है, उस पर सवाल खड़ा कर दिया जाए। जैसे….  1 – “इसे प्राप्त…

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suicide

इंसान इतना कमज़ोर कैसे हो रहा है कि इस आसानी से अपनी ज़िन्दगी ख़त्म कर ले?

अगर हमसे कोई सवाल करे कि हमारी ज़िन्दगी की कीमत क्या है? तो शायद ही इसका कोई ज़वाब हमारा पास होगा। क्योंकि जीवन एक वरदान…

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OTP

अब कोई ओटीपी देता नहीं, इसलिए बदमाश छीन लेते हैं, 12-13 तरीक़े हैं इसके, देखिए!

नीचे दिए गए वीडियो में बहुत ज़रूरी जानकारी है। वर्तमान डिजिटल दौर में हर व्यक्ति के काम की भी है। एक नामी समाचार चैनल पर…

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crowd-stampede

इस देश को ‘दुनिया का सबसे बड़ा भीड़-तंत्र’ बनने से बचाइए ‘सरकार’, बचाइए!

पिछले साल आठ नवम्बर को बेंगलुरू के सामाजिक एवं आर्थिक परिवर्तन संस्थान के जनसंख्या शोध केन्द्र में एक सार्वजनिक घड़ी का अनावरण किया गया था।…

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durga murti

कला में कलाकार अपनी ‘जीवन-ज्योति’ डालता है, कोई मशीनी-बुद्धि यह कैसे करेगी?

दो वाक़िये बताता हूँ। पहला- अपने अनुभव का। यह कोई 20 बरस पहले की बात है। उन दिनों शारदीय नवरात्रि की तैयारियाँ चल रही थीं।…

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Dakshin Vrindavan - Prahar

गाने वाली घड़ी की कहानी ‘प्रहर’ का सफ़र, भारत भवन से अब दक्षिण वृन्दावन!

बीते क़रीब 10 दिन पहले की बात है, फरवरी के पहले ही हफ़्ते की। महज एक सप्ताह से भी कम की अवधि के भीतर मेरे…

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Mayavi Amba-81

‘मायावी अम्बा और शैतान’ : वह ‘नवजागरण’ बड़ा तकलीफदेह था!

# नवीनीकरण # हर बार जब हम कोई शिकार करते, तो वह दिल से हमारा साथ देती थी। ऐसे मौकों पर वह हमारा विस्तार बन…

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Bengaluru Police

कार चलाते हुए दफ़्तर का काम, पुलिस ने किया ‘काम तमाम’!…भाई ऐसा भी क्या काम?

कार चलाते हुए दफ़्तर का काम, पुलिस ने किया ‘काम तमाम’! यह ‘रोचक-सोचक’ मामला है बेंगलुरू का। इसमें पहले बात करेंगे ‘रोचक’। वहाँ व्यस्त सड़क…

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Mayavi Amba-80

‘मायावी अम्बा और शैतान’ : मैडबुल के कृत्यों को ‘आपराधिक कलंक’ माना गया

इरावती नदी अनंत काल से होरी पर्वतों से लगकर बह रही है, अनवरत। इस नदी में तलहटी की रेत बहुत पहले मर चुके लोगों की…

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Cancer Mobile, Mobile Cancer

कैंसर दिवस : आज सबसे बड़ा कैंसर ‘मोबाइल पर मुफ़्त इन्टरनेट’ है, इसका इलाज़ ढूँढ़ें!

आज ‘विश्व कैंसर दिवस’ है। चाहे मीडिया हो या सोशल मीडिया, तमाम प्लेटफॉर्म्स पर कैंसर के कारण और इलाज़ की बातें की जा रही हैं।…

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