शूर मराठा सरदार रिश्तों में बँधकर एक हो जाते। फिर भी आँखों पर पट्टी बाँधकर अँधेरे को बुलावा भेजते। और सभी उस अँधेरे में गिरते-पड़ते…
View More शिवाजी ‘महाराज’ : …जब एक हाथी के कारण रिश्तों में कभी न पटने वाली दरार आ गईTag: सरोकार
शिवाजी ‘महाराज’ : मराठाओं को ख्याल भी नहीं था कि उनकी बगावत से सल्तनतें ढह जाएँगी
अमावस की काली रात गहरा रही थी। यातनाओं से छुटकारा दिलानेवाला भी तो कोई हो। किसको टेरें? सुनकर दौड़ आने वाले श्रीहरि भी तो अब…
View More शिवाजी ‘महाराज’ : मराठाओं को ख्याल भी नहीं था कि उनकी बगावत से सल्तनतें ढह जाएँगीशिवाजी ‘महाराज’ : महज पखवाड़े भर की लड़ाई और मराठों का सूरमा राजा, पठाणों का मातहत हुआ
महाराष्ट्र के यादव राजाओं की राजधानी थी देवगिरि (आज का दौलताबाद, औरंगाबाद)। मराठों का गरुड़ध्वज देवगिरी पर शान से फहरा रहा था। यादव राजा अपने…
View More शिवाजी ‘महाराज’ : महज पखवाड़े भर की लड़ाई और मराठों का सूरमा राजा, पठाणों का मातहत हुआअंतरराष्ट्रीय मातृभाषा दिवस : आज समय की जरूरत है कि शिक्षा मातृभाषा में दी जाए
अंतरराष्ट्रीय मातृभाषा दिवस। दुनिया को यह अनूठा दिन बांग्लादेश की देन है। जबकि भाषाई विविधता बांग्लादेश के बजाय भारत और अफ्रीकी देशों में कहीं ज्यादा…
View More अंतरराष्ट्रीय मातृभाषा दिवस : आज समय की जरूरत है कि शिक्षा मातृभाषा में दी जाएशिवाजी ‘महाराज’ : आक्रान्ताओं से पहले….. दुग्धधवल चाँदनी में नहाती थी महाराष्ट्र की राज्यश्री!
महाराष्ट्र की भूमि देवी-देवताओं की भूमि है। अपने हाथों में नानाविध शस्त्रास्त्र धारण कर आसुरी शक्तियों का विध्वंस करने वाले देवी-देवता मराठों के घरों में,…
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बात अप्रैल-2005 की है। जीवन में पहली बार ‘जाणता राजा’ महानाटक के माध्यम से छत्रपति शिवाजी के जीवन-चरित्र को सामने से देखने का मौक़ा मिला…
View More शिवाजी ‘महाराज’ : किहाँ किहाँ का प्रथम मधुर स्वर….महिला-पुरुष खिलाड़ियों की नीलामी क्या ग़ुलामों की ख़रीद-फ़रोख़्त की याद नहीं दिलाती?
इतिहास भूलने की चीज़ नहीं है। याद रखने और सबक लेने की चीज़ है। इसके बावजूद न जाने क्यों, लोग भूल जाया करते हैं। सबक…
View More महिला-पुरुष खिलाड़ियों की नीलामी क्या ग़ुलामों की ख़रीद-फ़रोख़्त की याद नहीं दिलाती?सरकार रोकने का बन्दोबस्त कर रही है, मगर पढ़ने को विदेश जाने वाले बच्चे रुकेंगे क्या?
साल 2022 में हिन्दुस्तान से क़रीब 6.5 लाख बच्चे पढ़ने के लिए विदेश चले गए। यह संख्या बहुत जल्द 10 लाख या उससे भी ज़्यादा…
View More सरकार रोकने का बन्दोबस्त कर रही है, मगर पढ़ने को विदेश जाने वाले बच्चे रुकेंगे क्या?‘थ्री इडियट’ के फुंगशुक वाँगड़ू यानी सोनम वाँगचुक भूख-हड़ताल कर रहे हैं, ताकि ‘विकास-लीला’ से लद्दाख बच जाए
‘थ्री इडियट’ फिल्म के फुंगशुक वाँगड़ू तो सबको याद होंगे ही। अस्ल ज़िन्दगी में इस फिल्मी किरदार का नाम है, सोनम वाँगचुक। लद्दाख में रहते…
View More ‘थ्री इडियट’ के फुंगशुक वाँगड़ू यानी सोनम वाँगचुक भूख-हड़ताल कर रहे हैं, ताकि ‘विकास-लीला’ से लद्दाख बच जाएजानकारों ने बताया- प्रबन्धन के क्षेत्र में योग कितना प्रासंगिक है
मानव जीवन की समस्त समस्याओं का समाधान योग से सम्भव है। आज के शोध कहते हैं कि योग हमें और हमारे जीवन को ही केवल…
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