वैसे, कुछ लोग कहा करते थे कि बैकाल जेल वास्तव में पूरी जेल-व्यवस्था का नियंत्रण तंत्र है। यहाँ दूसरी जगहों से भी तमाम खतरनाक कैदी…
View More ‘मायावी अंबा और शैतान’ : मैडबुल को ‘सामाजिक कार्यकर्ताओं’ से सख्त नफरत थी!Tag: सरोकार
‘मायावी अंबा और शैतान’ : देश को खतरा है तो हबीशियों से, ये कीड़े-मकोड़े महामारी के जैसे हैं
“उसने शिकायत की है कि तुम्हारे आदमियों ने उस पर बे-इंतिहा ज़ुल्म किए हैं और ये सब तुम्हारी जानकारी में है।” “सब मनगढंत बातें हैं।”…
View More ‘मायावी अंबा और शैतान’ : देश को खतरा है तो हबीशियों से, ये कीड़े-मकोड़े महामारी के जैसे हैं‘मायावी अंबा और शैतान’ : बेवकूफ इंसान ही दौलत देखकर अपने होश गँवा देते हैं
कुछ इंसान अंतरात्मा के बिना ही जन्म लेते हैं। ऐसे लोगों को बस खत्म कर देने की जरूरत होती है। नाथन रे को पूरा भरोसा…
View More ‘मायावी अंबा और शैतान’ : बेवकूफ इंसान ही दौलत देखकर अपने होश गँवा देते हैंकाए खाँ दोष लगा रए मो खाँ….किनकी बातन में अब आए, लाला हरदौल, भाभी के परम पयारे!
बुन्देलखंड का मशहूर पर्यटन स्थल खजुराहो। वहाँ की गलियों में रोज़ की तरह एक फ़क़ीर इकतारा लेकर गा रहा है, “भाभी के परम पयारे। लाला…
View More काए खाँ दोष लगा रए मो खाँ….किनकी बातन में अब आए, लाला हरदौल, भाभी के परम पयारे!‘मायावी अंबा और शैतान’ : तुझे पता है वे लोग पीठ पीछे मुझे क्या कहते हैं…..‘मौत’
भाड़े के अपने रंगरूटों के सामने उसने अपना भारी-भरकम हाथ बर्फ से भरी बाल्टी में डाल दिया। गले से लेकर पीठ तक उसकी खाल मानो…
View More ‘मायावी अंबा और शैतान’ : तुझे पता है वे लोग पीठ पीछे मुझे क्या कहते हैं…..‘मौत’‘मायावी अंबा और शैतान’ : पुजारी ने उस लड़के में ‘उसे’ सूँघ लिया था और हमें भी!
# 20 साल और एक दिन # हम कभी कमजोर पात्रों में नहीं रहते। कमजोर शरीरों को ठिकाना नहीं बनाते क्योंकि उनके मानस-पटल बहुत कोमल…
View More ‘मायावी अंबा और शैतान’ : पुजारी ने उस लड़के में ‘उसे’ सूँघ लिया था और हमें भी!‘मायावी अंबा और शैतान’ : मुझे अपना ख्याल रखने के लिए किसी ‘डायन’ की जरूरत नहीं!
“हाँ! तुम्हारी बहन ने मुझे यह भेंट दी थीं,” फिर कुछ ठहर कर बोली, “और ये चाँदी की पायल भी। मुझे हमेशा पता होता है…
View More ‘मायावी अंबा और शैतान’ : मुझे अपना ख्याल रखने के लिए किसी ‘डायन’ की जरूरत नहीं!सँभलो हुक़्मरान ; यमुना ने नहीं, दिल्ली दरबार की चौखट पर ‘यमराज’ ने आमद दी है!
इस बार दिल्ली में यमुना ने त्राहिमाम् मचा दिया। सुर्ख़ियों में बताया गया कि क़रीब 45 साल बाद दिल्ली ऐसी बाढ़ में डूबी है। यमुना…
View More सँभलो हुक़्मरान ; यमुना ने नहीं, दिल्ली दरबार की चौखट पर ‘यमराज’ ने आमद दी है!‘मायावी अंबा और शैतान’ : वह उस दिशा में बढ़ रहा है, जहाँ मौत निश्चित है!
नकुल जानता था कि वह बागियों के दल में सक्रिय सदस्य के तौर पर शामिल होने के लिए कभी पूरी तरह तैयार नहीं था। अभी…
View More ‘मायावी अंबा और शैतान’ : वह उस दिशा में बढ़ रहा है, जहाँ मौत निश्चित है!प्रकृति की विनाश-लीला अस्ल में हमारी विकास-लीला का ज़वाब है, चेत जाइए!
आज, 11 जुलाई को पूरी दुनिया में ‘विश्व जनसंख्या दिवस’ मनाया गया। भारत में इस बार यह अवसर दो अर्थों में ख़ास रहा। पहला- इसलिए…
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